हल्द्वानी
शुक्रवार को हल्द्वानी पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम गौलापार में एशियाई कैडेट कप फेंसिंग प्रतियोगिता का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में खेलों के समग्र विकास और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सरकार ने नई खेल नीति लागू की है। जिसके अंतर्गत राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक विजेता खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी प्रदान की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंतनगर एयरपोर्ट के विस्तार की दिशा में भी कार्य कर रहे हैं साथ ही, माननीय रेल मंत्री जी से यहाँ नई ट्रेनें देने के लिए भी आग्रह किया है, जिससे यहां आने वाले यात्रियों, पर्यटकों और खिलाड़ियों को बेहतर यातायात सुविधाएँ उपलब्ध हो सकें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार हल्द्वानी में उत्तराखंड के प्रथम खेल विश्वविद्यालय एवं महिला स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित करने के अपने संकल्प को साकार करने हेतु तत्परता से कार्य कर रही है। विश्व विद्यालय की स्थापना के बाद खेल शिक्षा के क्षेत्र में भी अपनी एक अलग पहचान बनाएगा। यहाँ बढ़ती स्पोर्ट्स एक्टिविटी को देखते हुए यहाँ के कारोबारियों को भी भविष्य में लाभ प्राप्त होगा। और पर्यटकों की सुविधा में भी बढ़ोत्तरी होगी।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने 103 पदक जीतकर पहली बार राष्ट्रीय खेलों में 7 वां स्थान प्राप्त कर एक नया इतिहास रचा है। राज्य में 517 करोड़ रुपये की लागत से विश्वस्तरीय स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने का प्रयास किया है। इसी का परिणाम है कि उत्तराखंड केवल राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं के आयोजनों के लिए एक महत्वपूर्ण स्थान बन गया है। जिसका एक उदाहरण ये एशियन कैडेट कप भी है। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में शीघ्र ही एक स्पोर्ट्स लेगेसी प्लान भी लागू करने जा रही है, जिसके अंतर्गत प्रदेश के आठ प्रमुख शहरों में 23 खेल अकादमियों की स्थापना की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खेलो इंडिया और फिट इंडिया मूवमेंट जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से देश में खेल संस्कृति को प्रोत्साहित करने के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में भारत खेलों के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है तथा वैश्विक मंच पर अपनी विशिष्ट पहचान बना रहा है। उनके मार्गदर्शन में राज्य सरकार भी प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने हेतु निरंतर प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि आधुनिक स्वरूप में भारत में फेंसिंग खेल की शुरुआत काफी देर से हुई और अन्य खेलों की तुलना में फेंसिंग को उतना प्रोत्साहन भी नहीं मिल पाया। लेकिन, पिछले कुछ वर्षों में फेंसिंग ने तेजी से लोकप्रियता हासिल की है और अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित भवानी देवी के राष्ट्रमंडल खेलों और एशियाई खेलो में मेडल के बाद अब युवाओं का इसके प्रति रुझान और अधिक बढ़ा है। आज युवा न केवल इस खेल में राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर भी देश का नाम रोशन कर रहे हैं। आज जिस प्रकार शूटिंग, आर्चरी और जैवलिन थ्रो जैसे खेलों में पूरे विश्व में भारत का परचम लहराता है। आने वाले समय में फेंसिंग में भी हमारे युवा अपना उत्कृष्ट प्रदर्शन से नए-नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे। फेंसिंग यानि तलवारबाजी की कला मानव सभ्यता के आरंभ से ही अस्तित्व में रही है। प्राचीन भारत में शस्त्र और शास्त्र दोनों के ज्ञान को ही पूर्ण शिक्षा माना जाता था और प्राचीन काल में शस्त्रविद्या हमारी शिक्षा का अनिवार्य अंग हुआ करती थी। हमारे गुरुकुलों में युवाओं को केवल वेद-पुराण और शास्त्रों का अध्ययन ही नहीं कराया जाता था, बल्कि आत्मरक्षा और समाज की रक्षा हेतु तलवार चलाने, गदा एवं धनुष-बाण चलाने और युद्धकला का प्रशिक्षण भी दिया जाता था। उन्होंने कहा कि हम सभी के लिए अत्यंत गर्व का विषय है कि देश में प्रथम बार आयोजित हो रही इस अंतर्राष्ट्रीय फेंसिंग प्रतियोगिता के आयोजन की मेजबानी का सुअवसर देवभूमि उत्तराखंड को प्राप्त हुआ है।
इससे पूर्व मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए राष्ट्रीय फेंसिंग महासंघ के महासचिव राजीव मेहता ने आयोजन के संबंध में विभिन्न जानकारियां दी उन्होंने अवगत कराया कि खेल एशियाई फेंसिंग परिसंघ की ओर से आयोजित 5 दिन स्पर्धा के मुकाबले आगामी 23 सितंबर तक खेले जाएंगे जिसमें देश-विदेश के लगभग 250 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं जिसमें भारत से लगभग 150 खिलाड़ी प्रतिभा कर रहे हैं बालक बालिका वर्ग में होने वाले होने जा रही इस स्पर्धा में तजाकिस्तान सीरिया मलेशिया श्रीलंका थाईलैंड इंडोनेशिया आदि देशों के खिलाड़ी प्रतिभाग कर रहे हैं।
इस अवसर पर विधायक डॉ मोहन सिंह बिष्ट, राम सिंह कैड़ा, प्रमोद नैनवाल, उत्तरांचल ओलंपिक संघ के अध्यक्ष महेश नेगी, जिला पंचायत अध्यक्ष दीपा दरमवाल, भाजपा जिला अध्यक्ष प्रताप बिष्ट, उत्तराखंड सरकार में दायित्वधारी डॉ अनिल कपूर डब्बू, शंकर कोरंगा, नवीन वर्मा, दीपक महरा, मेयर काशीपुर दीपक बाली, आयुक्त कुमाऊं मंडल व सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत, जिलाधिकारी वंदना, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रहलाद नारायण मीणा सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अन्य देशों से आए खिलाड़ी, खेल प्रेमी आदि उपस्थित रहे।

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