देहरादून:
ग्राफिक एरा हॉस्पिटल के विशेषज्ञ डॉक्टर्स ने हुनर का जबर्दस्त इस्तेमाल करते हुए 3 किस्म के दुर्लभ Bone Cancer का ईलाज कर दिखाया। इसमें 3 ही दिन का वक्त लगा।
देहरादून में धूलकोट स्थित ग्राफिक एरा अस्पताल में 13, 46, व 32 वर्षीय मरीज अलग-अलग तरह के कैंसर से पीड़ित पाए गए थे। 13 वर्षीय बालक 46 साल की महिला और 32 वर्षीय युवक हड्डियों के कैंसर से जूझ रहे थे। GEH के Expert Doctors की Team ने उनके ईलाज में सर्जिकल तकनीकों, कीमोथेरेपी व रेडियोथैरेपी का सहारा लिया। यह प्राण बचाने और निरोग करने का अभियान ऑर्थोपेडिक ऑन्कोसर्जन अगुवाई में चला।
डॉ. ने बताया कि दुर्लभ कैंसर के तीनों मामलों में मरीजों की स्थिति व कैंसर की जटिलता को देखते हुए अलग-अलग तकनीकें अपनाई गई। ऑस्टियोसारकोमा से पीड़ित बालक की जांघ की हड्डी में कैंसर डिटेक्ट किया गया। इस मामले में लिंब्स सालवेज तकनीक से उपचार किया गया। इससे मरीज की चलने की क्षमता बनी रहेगी।
महिला को चोंन्ड्रोसार्कोमा था। उसकी ऊपरी बांह की हड्डी में पाए गए ट्यूमर को सर्जरी की मदद से हटाकर प्रभावित जगह का पूनर्निर्माण किया गया। वहीं इविंग सार्कोमा से पीड़ित युवक को भी ऊपरी बांह की हड्डी में कैंसर था। इस जटिल मामले में कैंसर के तेजी से फैलने व दोबारा लौटने की संभावना ज्यादा थी।
विशेषज्ञों ने कीमोथेरेपी व रेडिएशन के साथ ही सर्जरी की मदद से ट्यूमर को हटाया। उपचार के बाद मरीजों की नियमित जांच की जा रही है। तीनों मरीजों की स्थिति में तेजी से सुधार हो रहा है।

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